संसद में बयान देकर फंसी प्रज्ञा ठाकुर, मोदी सरकार ने कर दी बड़ी कार्रवाई, विपक्ष हुआ चुप

नाथूराम गोडसे पर बयान देकर एक बार गलती कर चुकीं सांसद प्रज्ञा ठाकुर एक बार फिर बुरी तरह फंस गई हैं । संसद में गोडसे को राष्‍ट्रभक्‍त बताना उन्‍हें बहुत भारी पड़ा है ।

New Delhi, Nov 28: भोपाल से सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर  एक बार फिर बड़ी गलती कर गई हैं । नाथूराम गोडसे को लेकर एक बार देशभक्‍त बताकर फंस चुकीं प्रज्ञा ने एक बार फिर वहीं गलती दोहरा दी हैं । संसद के पटल पर बात करते हुए प्रज्ञा ने एक फिर गोडसे को देशभक्‍त बता डाला । महात्‍मा गांधी के हत्‍यारे को देशभक्‍त कहने वाली प्रज्ञा के इस बयान के खिलाफ तुरंत कार्रवाई की मांग उठने लगी । बीजेपी ने भी बिना देरी किए प्रज्ञा पर बड़ी कार्रवाई कर दी है ।

रक्षा समिति से बाहर किया गया
गुरुवार को बीजेपी सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर को रक्षा मंत्रालय की समिति से हटा दिया गया है । सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने नाथूराम गोडसे को संसद में ‘देशभक्त’ बताते हुए अपनी बात रखने की कोशिश की थी, जिसके बाद बीजेपी के कार्यकारी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा कि संसद में कल उनका बयान निंदनीय है । बीजेपी कभी भी इस तरह के बयान या विचारधारा का समर्थन नहीं करती है ।

प्रज्ञा को बैठकों में आने की अनुमति नहीं : नड्डा
जेपी नड्डा ने कहा कि हमने तय किया है कि प्रज्ञा सिंह ठाकुर को रक्षा की सलाहकार समिति से हटा दिया जाएगा और इस सत्र में उन्हें संसदीय पार्टी की बैठकों में भाग लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी । आपको बता दें कि मध्य प्रदेश के भोपाल से भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर को रक्षा मंत्रालय की संसदीय समिति के लिए नामित किया गया था । इस कमेटी की अगुवाई रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह कर रहे है ।

बुधवार को सदन में दिया ऐसा बयान
प्रज्ञा ठाकुर ने लोकसभा में बुधवार को तब हंगामा खड़ा कर दिया जब जब द्रमुक सदस्य ए राजा अदालत के समक्ष नाथूराम गोडसे द्वारा दिये गए उस बयान को उद्धृत कर रहे थे कि उसने महात्मा गांधी को क्यों मारा । प्रज्ञा  ठाकुर की टिप्पणी को लेकर विपक्षी सदस्यों ने जमकर विरोध दर्ज किया । जिसके बाद स्‍पीकर ओम बिरला ने कहा कि एसपीजी (संशोधन) विधेयक पर चर्चा के दौरान सिर्फ द्रमुक नेता का बयान ही रिकॉर्ड में जाएगा । आपको बता दे इससे पहले लोकसभा चुनाव के दौरान प्रज्ञा ठाकुर ऐसा ही एक बयान दे चुकी हैं, जिसके लिए उन्‍हें माफी मांगनी पड़ी । खुद पीएम मोदी ने उन्‍हें फटकार लगाकर कहा कि वो उन्‍हें मन से कभी माफ नहीं कर पाएंगे । हालांकि संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी प्रज्ञा के सदन में बयान को लेकर कह चुके हैं कि ठाकुर ने पार्टी को बताया कि उन्होंने नाथूराम गोडसे का समर्थन नहीं किया बल्कि वह क्रांतिकारी उधम सिंह के बारे में बोल रही थीं ।